Tags

, , , , ,

yaad

यादां मिसरी री डली, याद अगन री झाल |

याद अमोलक है सदा, राखीजे सम्हाल ।।

बैरन भी आ मीत भी, खारी, मीठी याद |

कदे हिलोरा दिल भरे, कदे करे नाशाद ||

जद कोई न संग हुवे, सखी बने है याद ।  

ईंके कारण ही हुवे, सूनो दिल आबाद।।

याद न होती साहिबा, कद का जाता भूल | 

साले तो आ शूल है, नहीं हिया रो फूल।।

याद हिये में राखणी, ना कहणी बतळाय । 

रस लेवे सब लोगड़ा, हाँसी और उडाय ।।

यादां रा इण फेर में,  हर ने रखजे याद ।  

मालिक मोटो जगत रो,  हर लेसी अवसाद।।

उम्मेद देवल

उम्मेद देवल

Advertisements