Tags

, , , , , , , ,

e5c4d83a058f9028a627465d25a8c9c6

गम में है क्या, मत पूछो कोई, अहसास करो, फिर बात करो |

क्या होता है आलम-ए-मदहोशी, अहसास करो, फिर बात करो ||

प्यार है क्या, बस होता है, ये अलफ़ाज़ -ए -बयाँ ना हो सकता ,

बस जिसने किया है, जाने वो ही, अहसास करो, फिर बात करो ||

हों लाख भला चुप, लब तो मगर, कहना वो कह देते ख्यालों में |

कहती है बहुत सी बातें ख़ामोशी, अहसास करो, फिर बात करो ||

वो हो के दूर भी, ना दूर कभी, जो दिल में बसे हों दिल बनके |

कैसे दो धड़कन मिल इक होती, अहसास करो, फिर बात करो ||

होता ना मज़ा गर जो इसमें, तो फिर इस दर्द को कोई ना लेते |

बस जिसने लिया है जाने वो ही, अहसास करो, फिर बात करो ||

उम्मेद देवल

उम्मेद देवल

Advertisements